रिपोर्ट - मो० काजीरूल शेख
पाकुड़ में शनिवार को जिला मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय (राज +2) का 166वां स्थापना दिवस सह वार्षिकोत्सव गरिमामय और अनुशासित वातावरण में मनाया गया। डेढ़ सदी से अधिक समय से जिले की शैक्षणिक पहचान रहे इस विद्यालय ने शिक्षा, संस्कार और परंपराओं के अपने मजबूत आधार को एक बार फिर सामने रखा।
कार्यक्रम का शुभारंभ उपायुक्त मनीष कुमार ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने अपने संबोधन में विद्यालय को केवल पढ़ाई का केंद्र नहीं, बल्कि पाकुड़ की शैक्षणिक चेतना का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय के रूप में यह संस्थान गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के नए मानक स्थापित कर रहा है। विद्यार्थियों को लक्ष्य निर्धारण, अनुशासन और निरंतर परिश्रम को जीवन में अपनाने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत विज्ञान प्रदर्शनी में नवाचार और वैज्ञानिक सोच की झलक देखने को मिली। इसके साथ ही लोकनृत्य, समूह गीत और नाट्य प्रस्तुतियों ने झारखंड की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर दिया। विद्यालय परिसर में बच्चों की ऊर्जा, अभिभावकों की सहभागिता और शिक्षकों के मार्गदर्शन से उत्सव का माहौल बना रहा।
समारोह का एक विशेष आकर्षण 25 वर्ष पूर्व के पूर्व छात्रों का ‘सिल्वर जुबली रीयूनियन’ रहा। पूर्व छात्रों ने अपने छात्र जीवन की यादें साझा कीं और विद्यालय के विकास में सहयोग का संकल्प लिया। इस अवसर पर सेवानिवृत्त शिक्षकों को सम्मानित कर उनके योगदान को याद किया गया।
प्रधानाचार्य प्रभारी राजू नंदन साहा ने विद्यालय की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान और धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ, जिसने 166 वर्षों की गौरवशाली यात्रा को भावपूर्ण रूप से संजो दिया।









