सीतामढ़ी - सीतामढ़ी बैरगनिया शहर को वर्षों से जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए करोड़ों की लागत से बन रहा भारत–नेपाल बाईपास रोड अब बदइंतजामी, लापरवाही और भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है। जिस बाईपास को पूरा कर जनता को राहत देने का दावा किया गया था, उसकी हालत यह है कि इस रास्ते पर पैदल चलना भी दूभर हो चुका है।
जानकारी के अनुसार जिस एक किलोमीटर बाईपास रोड को नाला सहित 22 फीट चौड़ा बनाने की स्वीकृति थी, उसे नियमों की खुलेआम धज्जियां उड़ाते हुए महज 12 फीट चौड़ा बनाया जा रहा है। स्थानीय लोगों की शिकायत पर डीएम रिची पांडेय ने जांच का आदेश दिया था और काम भी रोका गया। लेकिन जांच सिर्फ कागजी साबित हुई और उसी एजेंसी ने काम शुरू कर दिया। सबसे गंभीर बात यह है कि न तो सड़क किनारे अतिक्रमण हटाया गया और न ही बिजली के खंभे।









